भागलपुर, बिहार
भारत में कृषि केवल एक व्यवसाय नहीं, बल्कि करोड़ों परिवारों की जीवनरेखा है। इसी विश्वास को नई सोच, आधुनिक विज्ञान और सतत विकास के साथ जोड़ने का कार्य कर रही हैं रिमी सिंह, जो भागलपुर, बिहार की रहने वाली हैं और Sansar Green की संस्थापक (Founder) होने के साथ-साथ Harit Sansar अभियान की प्रमुख प्रेरणा हैं।
रिमी सिंह का जन्म बिहार के ऐतिहासिक शहर भागलपुर में हुआ तथा उनका पैतृक गांव बराहरी (Barahari) ग्राम, गोराडीह प्रखंड, भागलपुर है। ग्रामीण परिवेश में पली-बढ़ी रिमी सिंह ने बचपन से ही किसानों का संघर्ष, प्राकृतिक संसाधनों का महत्व और शिक्षा की शक्ति को करीब से देखा। यही अनुभव आगे चलकर उनके जीवन का उद्देश्य बन गया।
भागलपुर से राष्ट्रीय पहचान तक का सफर
एक छोटे से गांव से निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाना आसान नहीं होता। लेकिन रिमी सिंह ने यह साबित किया कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो, सीखने की इच्छा हो और समाज के लिए कुछ करने का जज़्बा हो, तो कोई भी सपना असंभव नहीं है।
उन्होंने केवल एक कंपनी स्थापित करने का सपना नहीं देखा, बल्कि एक ऐसा कृषि मॉडल विकसित करने का संकल्प लिया जो किसानों की आय बढ़ाए, पर्यावरण की रक्षा करे और भारत की कृषि को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से आगे ले जाए।
आज Sansar Green इसी सोच के साथ देशभर में कृषि नवाचार (Agricultural Innovation), जैव उर्वरक (Biofertilizers), जैव कीटनाशक (Biopesticides), ऑर्गेनिक खेती, मिट्टी परीक्षण, AI आधारित कृषि सलाह और किसानों के लिए आधुनिक समाधान विकसित करने की दिशा में कार्य कर रहा है।
शिक्षा और संस्थागत सहयोग को बनाया सफलता की ताकत
रिमी सिंह का मानना है कि किसी भी सफल स्टार्टअप की सबसे बड़ी ताकत ज्ञान (Knowledge) और नवाचार (Innovation) होती है।
इसी सोच के साथ उन्होंने Sansar Green को देश के प्रतिष्ठित शैक्षणिक एवं अनुसंधान संस्थानों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके प्रयासों से कंपनी को विभिन्न संस्थानों के साथ प्रशिक्षण, मार्गदर्शन और तकनीकी सहयोग प्राप्त हुआ, जिनमें प्रमुख हैं—
- IIM Bangalore – उद्यमिता एवं बिजनेस इनोवेशन
- BAU Sabour (Bihar Agricultural University) – कृषि अनुसंधान एवं आधुनिक खेती
- IIT (ISM) Dhanbad – वैज्ञानिक अनुसंधान एवं कृषि तकनीक
- Kerala Agricultural University – उन्नत कृषि एवं प्राकृतिक खेती
इन संस्थागत सहयोगों ने Sansar Green को एक शोध-आधारित (Research Driven) कृषि स्टार्टअप के रूप में विकसित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

“मिट्टी से मंडी” – किसानों के लिए एक नई सोच
रिमी सिंह का सबसे बड़ा विश्वास है कि किसान केवल अच्छी खाद या बीज से समृद्ध नहीं होंगे। उन्हें वैज्ञानिक सलाह, स्वस्थ मिट्टी, आधुनिक तकनीक, गुणवत्ता वाले कृषि उत्पाद, मूल्य संवर्धन (Value Addition) और उचित बाजार (Market Linkage) की भी आवश्यकता है।
इसी सोच ने “मिट्टी से मंडी (Soil to Market)” मॉडल को जन्म दिया।
यह मॉडल किसानों को मिट्टी परीक्षण से लेकर फसल उत्पादन, वैज्ञानिक सलाह, जैविक इनपुट, प्रशिक्षण, प्रोसेसिंग और बाजार तक जोड़ने का प्रयास करता है।
आज Sansar Green इसी एकीकृत कृषि मॉडल पर कार्य कर रहा है।
हरित संसार: पर्यावरण संरक्षण का जनआंदोलन
रिमी सिंह केवल कृषि तक सीमित नहीं हैं।
वे Harit Sansar अभियान की प्रमुख प्रेरणा हैं, जिसका उद्देश्य भारत में वृक्षारोपण, जैव विविधता संरक्षण, जलवायु परिवर्तन के प्रति जागरूकता तथा सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देना है।
उनका मानना है कि यदि प्रत्येक परिवार, विद्यालय और समाज मिलकर प्रकृति की रक्षा करें, तो आने वाली पीढ़ियों के लिए एक सुरक्षित और हरित भारत बनाया जा सकता है।
महिला उद्यमिता की प्रेरणा
रिमी सिंह आज उन महिलाओं के लिए प्रेरणा हैं जो व्यवसाय, कृषि, सामाजिक सेवा और नेतृत्व के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाना चाहती हैं।
उन्होंने यह सिद्ध किया है कि एक महिला केवल परिवार की जिम्मेदारियां ही नहीं निभाती, बल्कि वह राष्ट्रीय स्तर के संगठन का नेतृत्व भी कर सकती है और समाज में सकारात्मक परिवर्तन ला सकती है।
उनकी सफलता इस बात का प्रमाण है कि शिक्षा, निरंतर सीखना, सही सहयोग और मजबूत संकल्प किसी भी महिला को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकता है।
उपलब्धियां
- Founder, Sansar Green
- Harit Sansar अभियान की प्रमुख प्रेरणा
- “मिट्टी से मंडी (Soil to Market)” कृषि मॉडल के विकास में महत्वपूर्ण योगदान
- IIM Bangalore, BAU Sabour, IIT (ISM) Dhanbad तथा Kerala Agricultural University जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के साथ प्रशिक्षण एवं सहयोग को बढ़ावा देने में भूमिका
- कृषि नवाचार, जैव उर्वरक, ऑर्गेनिक खेती और किसान सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य
- पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण और सतत विकास के लिए समर्पित नेतृत्व
- भागलपुर, बिहार से उभरती हुई सफल महिला उद्यमी के रूप में पहचान
रिमी सिंह का विज़न
रिमी सिंह का सपना केवल एक सफल कंपनी बनाना नहीं है।
उनका लक्ष्य है कि Sansar Green भारत का अग्रणी एग्रीटेक एवं सस्टेनेबल एग्रीकल्चर संगठन बने, “मिट्टी से मंडी” मॉडल लाखों किसानों तक पहुंचे, और Harit Sansar भारत के सबसे बड़े जन-आधारित हरित आंदोलनों में से एक बने।
उनका विश्वास है—
“जब किसान समृद्ध होगा, प्रकृति सुरक्षित होगी और महिलाओं को नेतृत्व का अवसर मिलेगा, तभी भारत आत्मनिर्भर, समृद्ध और हरित राष्ट्र बनेगा।”
